राजस्थान में घरेलू गैस सिलेंडर की पर्याप्त उपलब्धता, कालाबाजारी रोकने के लिए विजिलेंस टीमें सक्रिय
जीवीआई नेटवर्क। राजस्थान में घरेलू कुकिंग गैस (एलपीजी) की आपूर्ति को लेकर उपभोक्ताओं को घबराने की जरूरत नहीं है। प्रदेश में गैस का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और आपूर्ति व्यवस्था पूरी तरह सामान्य है। यह जानकारी राज्य के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री Sumit Godara ने प्रेस वार्ता के दौरान दी।
उन्होंने बताया कि अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों के चलते गैस सिलेंडरों की जमाखोरी या अन्य स्रोतों में डायवर्जन रोकने के लिए सभी जिलों में विशेष विजिलेंस दल गठित किए गए हैं। साथ ही जिला कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक और विभागीय अधिकारी नियमित रूप से जांच अभियान चला रहे हैं।
जिलों में कमेटियां कर रही निगरानी
मंत्री ने बताया कि जिलों में गठित समितियों से प्राप्त दैनिक रिपोर्ट के अनुसार घरेलू गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी और अवैध भंडारण जैसी गतिविधियों पर प्रभावी रोक लगाई गई है। वर्तमान में प्रदेश में इस तरह की कोई अवैध गतिविधि सामने नहीं आई है।
निर्धारित अवधि के बाद ही करें गैस बुकिंग
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि गैस बुकिंग तय अवधि के बाद ही कराएं।
शहरी क्षेत्र: पिछली डिलीवरी के 25 दिन बाद
ग्रामीण क्षेत्र: पिछली डिलीवरी के 45 दिन बाद
बुकिंग केवल मोबाइल एप, वेबसाइट या व्हाट्सएप वीआईआरएस के माध्यम से ही करवाने की सलाह दी गई है।
2–3 दिन में होगी गैस सिलेंडर डिलीवरी
मंत्री Sumit Godara ने बताया कि गैस बुकिंग के 2 से 3 दिनों के भीतर उपभोक्ताओं के घर सिलेंडर की डिलीवरी सुनिश्चित की जा रही है। सभी डिलीवरी ओटीपी प्रणाली के माध्यम से की जा रही है, जिससे सिलेंडर सही उपभोक्ता तक पहुंचे।
उन्होंने यह भी बताया कि वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए गैस एजेंसियों पर पॉइंट डिलीवरी फिलहाल बंद कर दी गई है।
व्यावसायिक गैस आपूर्ति पर भी निर्णय
राज्य सरकार के निर्देशों के अनुसार 9 मार्च 2026 के LPG कंट्रोल ऑर्डर के तहत व्यावसायिक गैस सिलेंडर की सामान्य आपूर्ति बंद कर दी गई है। मुख्यमंत्री Bhajan Lal Sharma के निर्देशानुसार अब व्यावसायिक गैस केवल शैक्षणिक और चिकित्सा संस्थानों को उपलब्ध कराई जा रही है।
शिकायत के लिए जारी किए हेल्पलाइन नंबर
यदि किसी उपभोक्ता को गैस आपूर्ति में समस्या आती है या सिलेंडरों के अवैध भंडारण जैसी गतिविधि दिखाई देती है, तो वह इन हेल्पलाइन नंबरों पर शिकायत दर्ज करा सकता है:
112 | 14435 | 181
मंत्री ने कहा कि शिकायत मिलते ही प्रशासन द्वारा तुरंत कार्रवाई की जाएगी।