जीवीआई नेटवर्क। प्रतिभा उम्र की मोहताज नहीं होती इस कथन को उदयपुर की बेटी आर्या जैन पंचोली ने महज 1 वर्ष 9 माह की आयु में सच कर दिखाया है। 6 फरवरी 2024 को जन्मी आर्या ने अपनी असाधारण बौद्धिक क्षमता और स्मरण शक्ति से नया कीर्तिमान स्थापित करते हुए इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में अपना नाम दर्ज कराया है। उन्हें ‘आईबीआर अचीवर’ की उपाधि से सम्मानित किया गया, जिसकी आधिकारिक पुष्टि 29 नवंबर 2025 को की गई।
इतनी कम उम्र में आर्या ने जिस दक्षता और स्पष्टता के साथ ज्ञान का प्रदर्शन किया, वह वास्तव में अद्भुत है। उन्होंने जानवरों, रंगों, फलों, सब्जियों और शरीर के अंगों की पहचान के साथ-साथ हिंदी और अंग्रेजी की नर्सरी राइम्स, सप्ताह के दिन, विभिन्न देशों की राजधानियां, जानवरों की आवाज़ें तथा 1 से 10 तक की गिनती सहजता से कर अपनी विलक्षण स्मरण शक्ति का परिचय दिया। विशेषज्ञों के अनुसार, इस स्तर की संज्ञानात्मक समझ इस आयु वर्ग में विरल मानी जाती है।
आर्या की इस उल्लेखनीय उपलब्धि के पीछे उनके माता-पिता अमृता पंचोली और अर्चित जैन का सतत मार्गदर्शन, सकारात्मक वातावरण और संतुलित प्रशिक्षण प्रमुख आधार रहा है। पारिवारिक सहयोग और संस्कारों ने आर्या की प्रतिभा को दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।